Use of Moringa

Use of Moringa in Pig Feed

मोरिंगा / सहजन  मोरिंगा को हम सभी मुनगा या फिर सहजन के नाम से भी जानते हैं , उत्तर भारत के राज्यों में इसे सहजन के नाम से ही जाना जाता है जबकि मध्य भारत के राज्य जैसे मध्य प्रदेश , छत्तीसगढ़ आदि राज्यों में इसे प्रायः मुनगा  के नाम से जाना जाता है।  इस पौधे को अगर संजीवनी बृक्ष के नाम से परिभाषित किया जाय तो भी कम न होगा। हमने देखा है कि दक्षिण भारत के अधिकतर राज्यों में इस पेड़ के पत्तियों और इसकी कच्ची फलिओं जिन्हे ड्रमस्टिक के नाम से भी जाना जाता है का प्रयोग अक्सर अपने खाने की सब्जियों के रूप में किया जाता है।  जो लोग सहजन के गुणों के बारे में जानते हैं वे इसको जादुई बृक्ष कहते हैं ,  आप लोगों को अपनी पिग पिग फीड बनाते समय इस पेड़ की पत्तो का प्रयोग जरूर करना चाहिए। इसका इस्तेमाल आप नीचे लिखे तरीके से बहुत ही आसानी से कर सकते हैं।  सबसे पहले आप हरी पत्तियों को इकठ्ठा कर ले , और किसी भी छाया / शेड में उसे २ से ३ दिन के लिए सूखने दें।  ध्यान रहे कि धुप में न सुखायें।  सूखने के बाद पत्तियों को आप अपनी फीड में मिलाएं।  १०० किलो ड्राई फीड में ५ किलो हरी पत्ती से जितनी सुखी पत्तियां मिली हो

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Open chat
1
WhatsApp Pig Farming
Hello👋
How Can I help You?